गौरीशंकर रोड गुरुद्वारा में दो गुटों के विवाद पर प्रधान ने सुनाया फैसला, अमृत कौर की गई बाहर

फतेह लाइव, रिपोर्टर. 

जमशेदपुर के जुगसलाई स्थित गौरीशंकर रोड गुरुद्वारा में सिख स्त्री सत्संग सभा के दो गुटों के बीच लंबे समय से चल रहे विवाद में सेंट्रल गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (सीजीपीसी) ने हस्तक्षेप किया है। गत मंगलवार को सीजीपीसी कार्यालय में दोनों पक्षों को बुलाकर संगत की एकता बनाए रखने के उद्देश्य से समझौता कराया गया।

बैठक में तय किया गया कि 18 जून को इंदरजीत कौर टिंपी द्वारा घोषित अमृत कौर की प्रधानगी तथा दूसरे गुट की ओर से राजवंत कौर रज्जी की दावेदारी, दोनों को फिलहाल मान्यता नहीं दी जाएगी। हालांकि, व्यवस्था बनाए रखने के लिए राजवंत कौर रज्जी को अगले एक माह तक सभा की अगुवाई करते हुए सेवा-संभाल और अन्य कार्यों की देखरेख की जिम्मेदारी दी गई है।

सीजीपीसी प्रधान भगवान सिंह ने दोनों पक्षों की बात सुनने के बाद लिखित समझौता कराया। तय हुआ कि इस एक माह के दौरान सेंट्रल सिख स्त्री सत्संग सभा दोनों गुटों से विचार-विमर्श कर विधिवत चुनाव कराने की प्रक्रिया पूरी करेगी। बैठक में गौरीशंकर रोड गुरुद्वारा कमेटी के प्रधान सुरेंद्रपाल सिंह अपनी टीम के साथ उपस्थित थे। भगवान सिंह ने कहा कि स्थानीय संगत की एकता बनाये रखने के लिए सीजीपीसी ने बीच का रास्ता निकाला है।

शिकायतकर्ता पक्ष से हरदीप सिंह छनिया, स्थानीय पार्षद जगदीप सिंह मिंटू, अमरदीप सिंह भाटिया और समाजसेवी सुरेंद्रपाल सिंह टीटू मौजूद रहे। इस समझौते में सबसे बड़ी बात यह सामने आई की गुरुद्वारा कमेटी के महासचिव पद को हरदीप सिंह छनिया ने छोड़ने का निर्णय सुनाया।

लंबे समय से चला आ रहा है विवाद

बताया गया कि गुरुद्वारा में लंबे समय तक इंदरजीत कौर टिंपी सिख स्त्री सत्संग सभा की प्रधान रहीं। उनसे पहले उनकी सास भी सभा की प्रधान रह चुकी थीं। चुनाव नहीं होने से असंतोष बढ़ता गया और राजवंत कौर रज्जी ने अपना अलग गुट बना लिया था।

हाल ही में शहीदी दिहाड़े के अवसर पर इंदरजीत कौर टिंपी द्वारा अमृत कौर को प्रधान घोषित किए जाने के बाद विवाद और गहरा गया। वहीं, गुरुद्वारा में चौपहरा कराने के लिए एसी चलाने, बिजली नहीं रहने पर जेनरेटर उपयोग करने तथा किसी के घर महाराज का स्वरूप ले जाने के लिए अलग-अलग शुल्क बढ़ाए जाने को लेकर भी संगत में नाराजगी बताई जा रही है। पहले यह शुल्क 300 रुपये हुआ करता था। बहरहाल, इस मसले पर राजवंत कौर और गुरुद्वारा कमेटी के बीच बैठक होने वाली है।

Share.
© 2026 (ਫਤਿਹ ਲਾਈਵ) FatehLive.com. Designed by Forever Infotech.
Exit mobile version