फतेह लाइव, रिपोर्टर.
राँची मंडल में आरपीएफ कमांडेंट पवन कुमार के निर्देश पर सतर्क आरपीएफ ने परिवार से बिछुड़ गए एक व्यक्ती को ऑपरेशन डिग्नीटी के तहत मिलवाया. 10 मार्च को करीब 16:30 बजे एक पुरुष व्यक्ति रांची रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या 1 पर निराधार रूप से घूमता हुआ पाया गया. इस व्यक्ति को ड्यूटी पर तैनात RPF पोस्ट रांची द्वारा पूछताछ की गई.
पूछताछ के दौरान यह पता चला कि उसकी मानसिक स्थिति सामान्य नहीं है. आगे की जांच के दौरान, इस व्यक्ति के सामान और मोबाइल फोन से उसके परिवार के सदस्यों के बारे में जानकारी प्राप्त की गई. तत्पश्चात, उसके माता-पिता को मोबाइल फोन के माध्यम से सूचित किया गया. कुछ समय बाद, करीब 18:20 बजे उसकी बहन और अन्य परिवार के सदस्य आरपीएफ पोस्ट रांची पहुंचे और व्यक्ति की पहचान आयुष कुमार तिवारी, उम्र 28 वर्ष, पिता- राम मनोहर तिवारी, निवासी- फ्रेंड्स कॉलोनी पंद्रा, रांची, झारखंड के रूप में की. सभी कानूनी औपचारिकताओं के बाद, उसके आधार कार्ड से पुष्टि की गई और मानसिक स्थिति में सुधार के बाद इस व्यक्ति को उसके परिवार के सदस्यों को सुरक्षित रूप से सौंप दिया गया. परिवार ने आरपीएफ रांची का आभार व्यक्त किया.
इस उत्कृष्ट कार्य के लिए उप निरीक्षक सोहन लाल, डी.के. मीना, स्टाफ अशोक कुमार दास, कुणाल पाठक, और मोनू गिरी की सराहना की गई.