भुईंयाडीह के कल्याणनगर में नरकीय जिंदगी जीने को विवश हैं बस्तीवासी, पांच वर्षों में कोई काम नहीं हुआ.
फतेह लाइव, रिपोर्टर.
भाजपा ने दर्द दिया और भाजपा ही मरहम लगाने का नाटक कर रही है. उक्त बातें पर्व सांसद सह कांग्रेस के वरीय नेता डॉ. अजय कुमार ने शनिवार को परिसदन में आयोजित प्रेस वार्ता में पत्रकारों को संबोधित करते हुए कही. उन्होंने कहा कि भाजपा सत्ता के लिए कितना नीचे गिर सकती है. इसकी कल्पना भी नहीं की जा सकती।

यह भी पढ़े : Jamshedpur : टेल्को महानंद बस्ती मोहल्ला क्लीनिक में उपलब्ध हुई बिजली
नीति और सिद्धांत की बात करने वाली बीजेपी के नेताओं ने अपनी सत्ता और राजनीतिक लाभ के लिए भुईंयाडीह के कल्याणगर, इंदिरा नगर एवं नदी किनारे बने लगभग 150 घरों के खिलाफ 30 अगस्त 2023 को तत्कालीन जनजातीय मामलों के केंद्रीय मंत्री और झारखंड के वरिष्ठ नेता अर्जुन मुंडा ने अवैध अतिक्रमण के खिलाफ नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) की नई दिल्ली पीठ में शिकायत की थी.
इसके बाद मामला एनजीटी द्वारा आवेदन संख्या 567/2023 के माध्यम से स्वीकार किया गया, जहां मामला कोलकाता पीठ को स्थानांतरित कर दिया गया. कोलकाता पीठ द्वारा आवेदन संख्या 567/2023 को बदल कर 145/2023/EZ कर दिया गया.
डॉ. अजय ने कहा कि भाजपा ने शुरु से ही जमशेदपुर के लोगों को ठगने का काम किया है. इसका ताजा उदाहरण बीजेपी नेता द्वारा भुईंयाडीह मामले में एनजीटी में शिकायत दर्ज कराना है. वहीं भाजपा विचारधारों से जुड़े सरयू राय ने भी पिछले पांच वर्षों में इन बस्तियों में नागरिक सुविधाओं को लेकर कोई कार्य नहीं किया. जिसके कारण इन बस्तियों के लोग नरकीय जिंदगी जीने को अभिसप्त है.
बीजेपी और सरयू राय एक सिक्के के दो पहलू हैं
डॉ. अजय ने कहा कि बीजेपी और सरयू राय एक सिक्के के दो पहलू है. सांसद विद्युत वरण महतो और सरयू राय भुईंयाडीह के लोगों के साथ छलावा कर रहे है. भाजपा अपनी चाल को छुपा रही है. आज बस्ती वासियों को भाजपा नेता द्वारा एनजीटी में की गई शिकायत के कारण ही परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है.
उन्होंने कहा कि सरयू राय अब अपने साथी अर्जुन मुंडा को बचाने का भरपुर प्रयास कर रहे हैं. सोशल मीडिया पर झूठ बोल रहे हैं. भुइयाडीह के लोगो को गुमराह कर रहे हैं जो इन लोगो ने 30 साल तक किया.
क्रेडिटजीवी बने सरयू राय
डॉ. अजय ने कहा कि “चौबे गए थे छब्बे बनने दुबे बन कर रह गए”. तात्पर्य है कि “जब कोई व्यक्ति लाभ की आशा से कोई कार्य करता है और उसमें हानि ही होती है. वर्तमान में यह उक्ति सरयू राय पर बिल्कुल फिट बैठती है. शुक्रवार को सुबह 10 बजे हमारे क्रेडिटजीवी सरयू राय ने फेसबुक पर पोस्ट किया कि एनजीटी में उनकी याचिका स्वीकार कर ली गई है, लेकिन हकीकत यह थी कि दोपहर 1 बजे उनकी याचिका खारिज कर दी गई. तो आप समझ सकते हैं कि सरयू राय को श्रेय लेने की कितनी जल्दी है.
उन्होंने कहा कि भुईयाडीह के लोग 25 साल से तो बेचारे भोग ही रहे थे. पिछले 5 वर्षों में भी वर्तमान विधायक सुरयू राय कुछ कर नहीं पाए और अब जब मैं क्षेत्र में जा कर निवासियों के मुद्दों को हल कर रहा हूं तो उनकी आंखें खुली हैं बस्ती में जा-जा कर क्रेडिट ले रहे हैं. रिल मैन बन गये हैं सरयू राय. उनके द्वारा भुइयाडीह पर तरह तरह के रील बना कर सोशल मीडिया पर पोस्ट किया जा रहा है. एनजीटी की कोलकाता बेंच ने सरयू राय के याचिका को खारिज कर दिया है. तो बीजेपी को बचाने के लिए अब सरयू राय झामुमो-कांग्रेस सरकार पर दोष मढ़ रहे हैं
एक भी घर टूटने नहीं देंगे
डॉ. अजय ने कहा कि भुईंयाडीह के कल्याण नगर, इंदिरा नगर भुईंयाडीह सहित नदी किनारे बसे लगभग 150 को टुटने नहीं देंगे. मेरे वकील एनजीटी में इस मामले पर कड़ी नजर रख हुए हैं. झारखंड सरकार को 2 सितंबर को एनजीटी में अपना पक्ष रखने का समय मिला है. यह हमारी सरकार के लिए प्राथमिकता वाला मामला है. मेरे अधिवक्ता और झारखंड के महाधिवक्ता इस मामले पर कड़ी नजर बनाये हुए हैं.









































