- जिला निर्वाचन पदाधिकारी, परियोजना निदेशक आईटीडीए ने किया संबोधित
- निर्वाचन आयोग के गाइडलाइन अनुरूप अपने दायित्वों का निर्वहन करते हुए मतगणना कार्य का करें संपादन
फतेह लाइव, रिपोर्टर


पूर्वी सिंहभूम जिला के सभी छह विधानसभा क्षेत्रों की मतगणना 23 नवम्बर को होगी. जिला निर्वाचन पदाधिकारी अनन्य मित्तल के निर्देशानुसार माइकल जॉन सभागार, बिष्टुपुर में माइक्रो ऑब्जर्वर एवं रिसिलिंग टीम का प्रशिक्षण दो पालियों में आयोजित किया गया. मतगणना माइको आब्जर्वर के प्रशिक्षण सत्र में उनके दायित्वों से अवगत कराया गया एवं अन्य महत्वपूर्ण बातें बताई गई तथा मतगणना प्रक्रिया की निष्पक्षता और पारदर्शिता सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया. जिला निर्वाचन पदाधिकारी अनन्य मित्तल, परियोजना निदेशक आईटीडीए दीपांकर चौधरी ने प्रशिणार्थियों को संबोधित किया. एडीएम लॉ एंड ऑर्डर अनिकेत सचान, कार्यपालक दण्डाधिकारी मृत्युंजय कुमार, कार्यपालक पदाधिकारी जिला परिषद डॉ रजनीकांत मिश्रा समेत अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे.
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जिला निर्वाचन पदाधिकारी ने अपने संबोधन में कहा कि माइको आब्जर्वर का मुख्य कार्य मतगणना के दौरान किसी भी अनियमितता को रोकना और सही तरीके से गिनती की प्रक्रिया का पालन करना है. उन्होने कहा कि मतगणना प्रक्रिया के दौरान सभी अधिकारियों को सतर्क रहना चाहिए और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना देनी चाहिए. उन्होंने मतगणना हॉल में प्रवेश और निकास की सख्त निगरानी की आवश्यकता पर बल दिया. इसके अलावा, उन्होंने यह भी कहा कि मतगणना प्रक्रिया के दौरान इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) और वीवीपैट की सही ढंग से जांच और सत्यापन किया जाना चाहिए.
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माइको आब्जर्वर को निर्देशित किया कि वे सभी आवश्यक दस्तावेज और रिपोर्टस समय पर प्रस्तुत करें और मतगणना केंद्र में अनुशासन बनाए रखें. उन्होंने मतगणना प्रक्रिया के प्रत्येक चरण की महत्वपूर्ण जानकारी साझा की और सभी अधिकारियों से आपसी सहयोग और समन्वय की अपील की. जिला निर्वाचन पादधिकारी ने कहा कि निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव प्रक्रिया सुनिश्चित करना हमारी प्राथमिकता है और इसमें माइक्रो आब्जर्वर की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है. उन्होने कहा कि यह प्रशिक्षण सत्र चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता और विश्वसनीयता सुनिक्षित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगा, ऐसे में सभी प्रशिणार्थी अपनी शंकाओं को दूर करें. प्रशिक्षण का समुचित लाभ लें और मतगणना प्रकिया का सफलतापूर्वक संपादन करायें.
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मास्टर ट्रेनर ने मतगणना की विभित्र चरणों और प्रक्रियाओं की विस्तृत जानकारी दी. उन्होंने माइक्रो ऑब्जर्वरों को मतगणना केंद्र में उनके कर्तव्यों और जिम्मेदारियों के बारे में जानकारी दी, जिसमें वोटों की गिनती, विवाद समाधान और रिपोर्टिंग शामिल है. यह भी बताया गया कि कैसे इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन और वोटर वैरिफिएबल पेपर ऑडिट ट्रेल (VVPAT) के परिणामों का मिलान किया जाता है. उन्होंने ऑब्जर्वरों को मतगणना के दौरान अपनाई जाने वाली सावधानियों और प्रक्रियाओं को समझाया कि कोई भी अनियमितता न हो सके. प्रशिक्षण के अंत में माइको ऑब्जर्वर ने अपने शंकाओं और सवालों का समाधान पाया.