फतेह लाइव, रिपोर्टर.
पश्चिम बंगाल स्थित कोलकाता के ब्रिगेड परेड मैदान में भाजपा विधायक दल के नेता सुवेंदु अधिकारी ने मुख्यमंत्री पद की शपथ ली. इसके साथ ही वे आजादी के बाद पश्चिम बंगाल के पहले भाजपा के मुख्यमंत्री बन गए. शपथ लेने के बाद सुवेंदू अधिकारी ने पीएम मोदी व एनडीए के सभी नेताओं का अभिनंदन किया. सीएम सुवेंदू के साथ पांच दिलीप घोष, अग्निमित्रा पाल, अशोक कीर्तनिया,निसिथ प्रमाणिक व खुदीराम टुडू ने मंत्री पद की शपथ ली.
इससे पूर्व प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल में भाजपा के वरिष्ठ कार्यकर्ताओं में एक माखनलाल सरकार को शॉल ओढ़ाकर अभिनंदन किया और उनके पैर छूकर आशीर्वाद भी लिया. विदित हो माखनलाल सरकार ने 1952 में श्यामाप्रसाद मुखर्जी के साथ कश्मी में तिरंगा फहराने के लिए आंदोलन किया था. इस दौरान उन्हें गिरफ्तार भी किया गया था. इस अवसर पर केंद्री गृह मंत्री अमित शाह, राजनाथ सिंह, जेपी नड्डा, धर्मेंद्र प्रधान, सुरेश गोपी, शिवराज सिंह चौहान, भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन समेत एनडीए शासित 21 राज्यों के मुख्यमंत्री मौजूद थे. विदित हो कि टीएमसी का गढ़ रहा बंगाल में पहली बार भाजपा की सरकार बनी है.
पश्चिम बंगाल में भारतीय जनता पार्टी के पहले मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के शपथ ग्रहण समारोह में डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी के अंतिम साथी माखनलाल सरकार भी शामिल हुए. शपथ समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनके पैर छूकर आशीर्वाद लिया.डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी के आदर्शों पर चलने वाली भाजपा की सरकार ने 9 मई को ब्रिगेड परेड ग्राउंड में आयोजित भव्य समारोह में शपथ ली. शुभेंदु अधिकारी मुख्यमंत्री बने. उनके साथ 5 मंत्रियों ने भी शपथ ली. ममता बनर्जी और उनकी पार्टी तृणमूल कांग्रेस ने श्यामा प्रसाद के आदर्शों पर चलने वाली जिस भाजपा को बाहरी करार दिया था.
उसी पार्टी को बंगाल की जनता ने सिर माथे पर बिठाया. 207 सीटें जीतकर पार्टी प्रचंड बहुमत के साथ सत्ता में आयी है और तृणमूल कांग्रेस 80 सीटों पर सिमट गयी.शुभेंदु कैबिनेट में संघ का प्रभाव साफ साफ दिखता है. छह सदस्यीय कैबिनेट में एक मुख्यमंत्री और पांच मंत्री शामिल किये गये हैं. कैबिनेट में एक महिला और एक आदिवासी को जगह मिली है. पांच मंत्रियों के चयन में सामाजिक सामंजस्य दिखता है.

