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Jamshedpur : मंइयां सम्मान योजना में 172 फर्जी लाभुकों पर FIR, गालुडीह में बड़ा घोटाला उजागर

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गलत पता और पहचान से उठाया योजना का लाभ, डीसी के निर्देश पर गालुडीह थाना में दर्ज हुई प्राथमिकी

फतेह लाइव, रिपोर्टर

गालुडीह थाना क्षेत्र के हेंदलजुड़ी पंचायत में मंइयां सम्मान योजना के तहत फर्जी लाभ लेने का एक बड़ा मामला सामने आया है. पंचायत सचिव मंगल टुडू के लिखित बयान के आधार पर गालुडीह थाना में 172 लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है. यह कार्रवाई उपायुक्त के स्पष्ट निर्देश के बाद की गई है. दर्ज प्राथमिकी में कहा गया है कि आरोपियों ने फर्जी पहचान और पते का उपयोग कर योजना का लाभ उठाया. अधिकांश ने अपना पता उत्तर दीनाजपुर (पश्चिम बंगाल) बताया, जबकि कुछ ने गालुडीह क्षेत्र का भी जिक्र किया लेकिन सटीक विवरण नहीं दिया, जिससे उनकी वास्तविकता पर संदेह गहराया है.

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योजना लाभ के लिए झूठे पते का इस्तेमाल, जांच के घेरे में सभी आवेदन

पुलिस जांच में पाया गया कि कई लाभुकों ने बिना पात्रता के योजना का लाभ लिया है, जो स्पष्ट रूप से धोखाधड़ी की श्रेणी में आता है. इस मामले में जिन 172 लोगों के नाम सामने आए हैं, उनमें सलेहा खातुन, ताइफुन निशा, फजलिद्दीन, सुफिया बेगम, हसीना खातुन, मुशर्रफ अली समेत दर्जनों नाम शामिल हैं. इन सभी पर आरोप है कि उन्होंने गलत जानकारी देकर मंइयां सम्मान योजना से आर्थिक लाभ प्राप्त किया. मामले की जांच घाटशिला इंस्पेक्टर बीएन सिंह को सौंपी गई है, जो लाभुकों के दस्तावेज़ों और पते की सत्यता की गहन जांच कर रहे हैं.

अंतरराज्यीय समन्वय की जरूरत, दलालों की संलिप्तता की भी आशंका

जांच अधिकारी बीएन सिंह ने बताया कि जिन लोगों ने उत्तर दीनाजपुर का पता दिया है, उन्हें ट्रेस करने के लिए अब पुलिस को अंतरराज्यीय समन्वय की आवश्यकता होगी. वहीं, गालुडीह का पता देने वालों की पहचान भी एक कठिन चुनौती बन गई है क्योंकि अधिकांश लाभुकों ने अधूरी या गलत जानकारी दी है. इस फर्जीवाड़े में दलालों की भूमिका से इनकार नहीं किया जा सकता. बीएन सिंह ने कहा कि जरूरत पड़ने पर अन्य जांच एजेंसियों की भी सहायता ली जाएगी और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी.

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