WhatsApp Image 2026-08-13 at 5.45.20 PM
WhatsApp Image 2026-08-14 at 12.53.32
WhatsApp Image 2026-08-14 at 12.53.33 PM
WhatsApp Image 2026-08-13 at 5.45.21
WhatsApp Image 2026-08-14 at 12.53.32 PM
WhatsApp Image 2026-08-13 at 5.45.21 PM
WhatsApp Image 2026-08-13 at 5.45.21 P
WhatsApp Image 2026-08-13 at 5.56.39
WhatsApp Image 2026-08-14 at 12.53.50 PM
WhatsApp Image 2026-08-13 at 5.56.40 PM
WhatsApp Image 2026-08-13 at 5.57.06 PM
WhatsApp Image 2026-08-13 at 6.01.52 PM
WhatsApp Image 2026-08-13 at 6.01.53 PM
WhatsApp Image 2026-08-13 at 6.01.53
WhatsApp Image 2026-08-13 at 6.03.06 PM
WhatsApp Image 2026-08-13 at 6.03.20 PM
WhatsApp Image 2026-08-13 at 6.03.45 PM
WhatsApp Image 2026-08-13 at 6.03.46 PM
WhatsApp Image 2026-08-13 at 6.03.46

Indian Railway : महाकुम्भ- 2025 के लिए अद्भुत कलाकृतियों से सजे प्रयागराज के रेलवे स्टेशन

SHARE:

फतेह लाइव, रिपोर्टर.

महाकुंभ 2025 की भव्य तैयारियों के अंतर्गत भारतीय रेलवे ने प्रयागराज की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक छवि को निखारने में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। “पेंट माई सिटी” अभियान के तहत प्रयागराज के सभी रेलवे स्टेशनों, जैसे प्रयागराज जंक्शन, नैनी जंक्शन, फाफामऊ, प्रयाग जंक्शन, झूंसी रेलवे स्टेशन, रामबाग रेलवे स्टेशन, छिवकी रेलवे स्टेशन, प्रयागराज संगम रेलवे स्टेशन और सूबेदारगंज रेलवे स्टेशन, को कला और संस्कृति के अद्भुत केंद्रों में परिवर्तित कर दिया गया है।

इन स्टेशनों की दीवारों पर हिंदू पौराणिक कथाओं और भारतीय परंपराओं को चित्रित करने वाले भव्य और आकर्षक कलाकृतियां बनाई गई हैं। रामायण, कृष्ण लीला, भगवान बुद्ध, शिव भक्ति, गंगा आरती और महिला सशक्तिकरण जैसे विषयों पर आधारित ये कलाकृतियां श्रद्धालुओं और पर्यटकों को प्रयागराज की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक धरोहर से परिचित कराती हैं।

Gambhir Car Associate Motion Ads Motion Ads

रेलवे की यह पहल केवल सौंदर्यीकरण तक सीमित नहीं है, बल्कि यह प्रयागराज की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक परंपराओं को भी दर्शाती है। इन कलाकृतियां में ऋषि परंपरा, गुरु-शिष्य परंपरा, ज्ञान और त्याग के महत्व को दिखाया गया है, जो प्रयागराज के आध्यात्मिक स्वरूप को और भी उजागर करते हैं।

ये कलाकृतियाँ महाकुम्भ 2025 के लिए आने वाले लाखों श्रद्धालुओं और पर्यटकों को अपनी ओर आकर्षित कर रही हैं।

भारतीय रेलवे का यह प्रयास कला और विकास का संगम प्रस्तुत करता है। यह पहल यह सुनिश्चित करती है कि महाकुम्भ 2025 में प्रयागराज आने वाले हर व्यक्ति को न केवल भव्य आयोजन का हिस्सा बनने का अवसर मिले, बल्कि वे इस शहर की गहराई और इसकी सांस्कृतिक जीवंतता को भी महसूस कर सकें।

अभी-अभी

ਪੰਜਾਬੀ ਖ਼ਬਰਾਂ

Horoscope

Weather

और पढ़ें

हिंदी खबर