विपक्ष का रुख नारी सशक्तिकरण के खिलाफ, भाजपा महिलाओं की राजनीतिक भागीदारी बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध
भाजपा महिलाओं के अधिकार, उनके सम्मान और सशक्तिकरण के लिए निरंतर संघर्ष करती रहेगी
फतेह लाइव, रिपोर्टर.
भारतीय जनता पार्टी के झारखंड प्रदेश प्रवक्ता अमरप्रीत सिंह काले ने महिला आरक्षण बिल का विरोध करने वाले विपक्षी दलों पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि इस विधेयक के खिलाफ खड़ा होना महिलाओं के अधिकारों और उनके सम्मान के साथ सीधा अन्याय है। उन्होंने कहा कि विपक्ष का यह रवैया न केवल महिलाओं के प्रति उनकी उदासीन सोच को उजागर करता है, बल्कि देश की आधी आबादी को राजनीतिक रूप से सशक्त बनाने के प्रयासों को कमजोर करने वाला भी है।
काले ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी शुरू से ही मातृशक्ति के सम्मान, सुरक्षा और सशक्तिकरण के लिए प्रतिबद्ध रही है। उनके अनुसार महिला आरक्षण बिल महिलाओं को राजनीति में अधिक प्रतिनिधित्व देने की दिशा में एक ऐतिहासिक और दूरगामी कदम है। ऐसे महत्वपूर्ण विधेयक का विरोध करना उन करोड़ों महिलाओं की आकांक्षाओं के विरुद्ध जाना है, जो निर्णय लेने की प्रक्रिया में अपनी भागीदारी चाहती हैं।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने महिलाओं के उत्थान के लिए कई ऐतिहासिक फैसले लिए हैं। उज्ज्वला योजना, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, मातृत्व लाभ और महिलाओं की आर्थिक भागीदारी बढ़ाने वाली योजनाओं के माध्यम से देश में महिलाओं के सम्मान और अवसरों में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है।
भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि महिला आरक्षण बिल केवल एक राजनीतिक पहल नहीं, बल्कि सामाजिक परिवर्तन का माध्यम है। इससे संसद और विधानसभाओं में महिलाओं की आवाज मजबूत होगी और नीति निर्माण में उनकी भूमिका बढ़ेगी।
काले ने दोहराया कि भाजपा आने वाले समय में भी महिलाओं के अधिकार, सम्मान और सशक्तिकरण के लिए निरंतर संघर्ष करती रहेगी तथा समाज के हर वर्ग की महिलाओं को आगे बढ़ाने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य करती रहेगी।



