सरायकेला बैंक फ्रॉड मामले में मुख्य आरोपी संजय कुमार डालमिया पर शिकंजा, अधिकारियों से मिलीभगत कर धोखाधड़ी का आरोप
फतेह लाइव, रिपाेर्टर।
झारखंड स्टेट कोऑपरेटिव बैंक (JSCB) से जुड़े कथित घोटाले के मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बड़ी कार्रवाई की है। ईडी की रांची यूनिट ने शुक्रवार को झारखंड और ओडिशा में कुल 7 ठिकानों पर एक साथ तलाशी अभियान चलाया। यह कार्रवाई धनशोधन निवारण अधिनियम (PMLA) की धारा 17 के तहत की जा रही है।
यह मामला सरायकेला स्थित झारखंड स्टेट कोऑपरेटिव बैंक की शाखा से जुड़े कथित फ्रॉड का है। जांच एजेंसी के अनुसार, मामले में संजय कुमार डालमिया को मुख्य आरोपी बताया गया है। आरोप है कि बैंक के कुछ अधिकारियों के साथ मिलीभगत कर बैंक के साथ वित्तीय धोखाधड़ी की गई।
झारखंड से ओडिशा तक पहुंची जांच
मामले की जांच आगे बढ़ने के साथ ईडी ने शुक्रवार को झारखंड और ओडिशा में सात अलग-अलग ठिकानों को निशाने पर लिया। छापेमारी के दौरान ईडी की टीम संबंधित परिसरों में दस्तावेजों और अन्य संभावित साक्ष्यों की जांच कर रही है।
ईडी की यह कार्रवाई कथित बैंक फ्रॉड से जुड़े वित्तीय लेनदेन और उससे जुड़े लोगों की भूमिका की पड़ताल के लिहाज से महत्वपूर्ण मानी जा रही है। तलाशी पूरी होने के बाद जांच एजेंसी की ओर से बरामद दस्तावेजों या अन्य सामग्री के संबंध में विस्तृत जानकारी सामने आ सकती है।
क्या है पूरा मामला?
सरायकेला के JSCB शाखा से जुड़े कथित घोटाले में बैंक अधिकारियों की भूमिका और संजय कुमार डालमिया के साथ उनकी कथित मिलीभगत जांच के दायरे में है। ईडी अब इस मामले में मनी ट्रेल और कथित वित्तीय अनियमितताओं से जुड़े पहलुओं की जांच कर रही है।
हालांकि, छापेमारी के दौरान क्या-क्या बरामद हुआ है, इसकी विस्तृत आधिकारिक जानकारी फिलहाल सामने नहीं आई है। जांच पूरी होने के बाद मामले में आगे की कार्रवाई की तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।




































