फतेह लाइव, रिपोर्टर.
रांची रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने सोमवार को दो अलग-अलग अभियानों में उल्लेखनीय सफलता हासिल की। एक ओर ऑपरेशन ‘नारकोस’ के तहत 12 किलोग्राम गांजा के साथ एक तस्कर को गिरफ्तार किया गया, वहीं दूसरी ओर ऑपरेशन ‘नन्हे फरिश्ते’ के तहत घर से निकली 15 वर्षीय नाबालिग बालिका को सुरक्षित रेस्क्यू कर चाइल्डलाइन के सुपुर्द किया गया।

12 किलो गांजा के साथ तस्कर गिरफ्तार
आरपीएफ पोस्ट रांची एवं फ्लाइंग टीम ने पोस्ट कमांडर शिशुपाल कुमार के नेतृत्व में रांची रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर-1 स्थित वीआईपी गेट पर विशेष जांच अभियान चलाया। इस दौरान संदिग्ध युवक बृजराज यादव (19 वर्ष), निवासी कुशीनगर (उत्तर प्रदेश), को हिरासत में लिया गया।
तलाशी के दौरान उसके बैग से चार पैकेटों में कुल 12 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 6 लाख रुपये बताई गई है। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसे संताला (ओडिशा) से गोरखपुर तक गांजा पहुंचाने के एवज में प्रति किलोग्राम एक हजार रुपये मिलने थे। कार्रवाई के दौरान उसका साथी मेहंदी अंसारी आरपीएफ की जांच देखकर फरार हो गया। जब्त गांजा एवं आरोपी को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए जीआरपी रांची को सौंप दिया गया।

ऑपरेशन ‘नन्हे फरिश्ते’ में नाबालिग का सुरक्षित रेस्क्यू
इसी दिन नियमित गश्त के दौरान डिविजनल ‘नन्हे फरिश्ते’ टीम एवं आरपीएफ पोस्ट रांची ने प्लेटफॉर्म नंबर 2/3 पर अकेली और घबराई हुई बैठी 15 वर्षीय अंजली कुमारी, निवासी बेरमो (बोकारो), को सुरक्षित रेस्क्यू किया।
पूछताछ में बालिका ने बताया कि वह अपनी मां को बिना बताए घर से निकलकर चारलापल्ली में काम की तलाश में जाने के उद्देश्य से स्टेशन पहुंची थी। आवश्यक कानूनी प्रक्रिया और काउंसलिंग के बाद उसे सुरक्षित रूप से चाइल्डलाइन रांची के सुपुर्द कर दिया गया।
आरपीएफ अधिकारियों ने बताया कि यात्रियों की सुरक्षा, मादक पदार्थों की तस्करी पर रोक और बच्चों की सुरक्षा को लेकर ऐसे अभियान लगातार जारी रहेंगे।











