13 अगस्त को स्कूल के पास से तीन युवकों को किया था अगवा, एक को छोड़ने के बाद दो की हत्या; कांड्रा पुलिस की विशेष टीम ने किया खुलासा
फतेह लाइव, रिपोर्टर।
सरायकेला-खरसावां जिले के कांड्रा थाना क्षेत्र में अपहरण के बाद दो युवकों की हत्या के सनसनीखेज मामले का पुलिस ने खुलासा किया है। इस मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। उनकी निशानदेही पर लापता दो युवकों राहुल हांसदा और तपन प्रधान के शव बरामद किए गए हैं। पुलिस ने घटना में प्रयुक्त बांस की बल्ली और दो मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं।
पुलिस अधीक्षक कार्यालय, सरायकेला-खरसावां की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, 20 अगस्त को पिंड्राबेड़ा निवासी रवि हांसदा ने कांड्रा थाना में लिखित शिकायत दी थी। शिकायत में बताया गया था कि 13 अगस्त की शाम गांव के ही कुछ लोगों ने धातकीडीह स्कूल के पास से उनके बेटे राहुल हांसदा, सूरज हांसदा और तपन प्रधान के साथ मारपीट की और उन्हें गाड़ी से अगवा कर सरनामूल, गम्हारिया की ओर ले गए।
आरोप है कि वहां तीनों पर जानलेवा हमला किया गया। बाद में सूरज हांसदा को छोड़ दिया गया, जबकि राहुल हांसदा और तपन प्रधान लापता हो गए थे। मामले की गंभीरता को देखते हुए सरायकेला पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, सरायकेला के नेतृत्व में विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया।
पुलिस ने मानवीय और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर मामले में शामिल दो आरोपियों फुलचंद उर्फ रघुनाथ हांसदा और रविंद्र मार्डी को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, पूछताछ में दोनों ने घटना में अपनी संलिप्तता स्वीकार की और अन्य आरोपियों के संबंध में जानकारी दी।
गिरफ्तार आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने खरसावां थाना क्षेत्र के रापचा फुटबॉल मैदान के पीछे वनभूमि में जमीन के अंदर दफनाए गए राहुल हांसदा और तपन प्रधान के शव बरामद किए। शवों की बरामदगी प्रतिनियुक्त दंडाधिकारी तथा गम्हारिया के प्रखंड विकास पदाधिकारी सह अंचल अधिकारी की मौजूदगी में वीडियोग्राफी कराई गई।
पुलिस ने बताया कि घटना में प्रयुक्त बांस की बल्ली और दो मोबाइल फोन भी बरामद किए गए हैं। मामले में शामिल अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की छापेमारी लगातार जारी है।
इस कार्रवाई में एसडीपीओ सरायकेला अनुभव भारद्वाज, कांड्रा थाना प्रभारी विनोद कुमार मुर्मू, गम्हारिया थाना प्रभारी संजय प्रसाद सहित कांड्रा थाना के अन्य पुलिस पदाधिकारी और जवान शामिल थे।









































