CGPC ने 2 दिसंबर से 28 फरवरी तक ट्रेन रद्द करने का किया विरोध, सप्ताह में चार दिन परिचालन और टाटानगर से जम्मूतवी एक्सप्रेस रोज चलाने की मांग
फतेह लाइव, रिपोर्टर।
जमशेदपुर। टाटा-अमृतसर जलियांवाला बाग एक्सप्रेस (18103/18104) को कुहासे के कारण 2 दिसंबर से 28 फरवरी तक रद्द किए जाने के प्रस्ताव के विरोध में सेंट्रल गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (CGPC) ने सांसद विद्युत वरण महतो को ज्ञापन सौंपा। CGPC के प्रधान भगवान सिंह के नेतृत्व में 31 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल सांसद के आवासीय कार्यालय पहुंचा और रेल परिचालन से जुड़ी मांगों को प्रमुखता से रखा।
प्रतिनिधिमंडल ने सांसद विद्युत वरण महतो को पांचवीं बार लोकसभा में लोकप्रिय सांसद का अवार्ड मिलने पर शॉल एवं बुके भेंट कर सिख समुदाय की ओर से सम्मानित किया और बधाई दी।
जलियांवाला बाग एक्सप्रेस रद्द करने का विरोध
CGPC ने ज्ञापन के माध्यम से टाटा से अमृतसर जाने वाली जलियांवाला बाग एक्सप्रेस को 2 दिसंबर से 28 फरवरी तक रद्द करने के निर्णय का कड़ा विरोध किया। कमेटी ने मांग की कि ट्रेन का परिचालन बंद करने के बजाय इसे सप्ताह में कम से कम चार दिन चलाया जाए। इसके साथ ही टाटानगर से जम्मूतवी एक्सप्रेस का पूर्व की तरह प्रतिदिन परिचालन शुरू करने की मांग भी रखी गई।
सांसद ने रेलवे के उप महाप्रबंधक से की बात
सांसद विद्युत वरण महतो ने प्रतिनिधिमंडल की बातें ध्यानपूर्वक सुनने के बाद दक्षिण पूर्व रेलवे के उप महाप्रबंधक मनीष जैन से दूरभाष पर बातचीत की। सांसद ने ट्रेन का परिचालन बंद नहीं करने का आग्रह किया। बातचीत के दौरान उप महाप्रबंधक ने भी इस दिशा में सकारात्मक रुख का संकेत दिया।
“शांति बनाए रखें, गाड़ी बंद नहीं होने देंगे”
CGPC की ओर से सांसद को स्पष्ट रूप से बताया गया कि दोनों मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं होने पर दुर्गापूजा के बाद रेल चक्का जाम किया जाएगा। इस पर सांसद विद्युत वरण महतो ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त करते हुए कहा कि “गाड़ी किसी भी हालत में बंद नहीं होने दी जाएगी। इत्मीनान रखिए और शांति बनाए रखें।”
विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि रहे मौजूद
ज्ञापन सौंपने के दौरान जमशेदपुर की विभिन्न राजनीतिक पार्टियों के प्रतिनिधि भी मौजूद रहे। इनमें भाजपा के मनजीत सिंह गिल, झामुमो के अवतार सिंह संधू, कांग्रेस के सुखदेव सिंह मली, गुरमीत सिंह गौतम बोस, नवजोत सिंह सोहल, निर्मल दादा, राजकुमार दास और रणजीत सिंह फौजी सहित अन्य शामिल थे।
इस अवसर पर CGPC के प्रधान भगवान सिंह, चेयरमैन सरदार शैलेंद्र सिंह, वरीय उपाध्यक्ष नरेंद्र पाल सिंह भाटिया, सुरजीत सिंह खुशीपुर, चंचल सिंह, हरविंदर सिंह मंटू, महासचिव अमरजीत सिंह, गुरचरण सिंह बिल्ला, कोषाध्यक्ष गुरनाम सिंह बेदी, गुरु शरण सिंह, अजीत सिंह गंभीर, जोगिंदर सिंह जोगी, परमजीत सिंह रोशन, प्रीतम सिंह, लखविंदर सिंह, रविंद्र सिंह, मलकीत सिंह, अवतार सिंह सोखी, चेयरमैन गुरमेल सिंह, सलाहकार सुरेंद्र सिंह शिंदे, सुखदेव सिंह बिट्टू, ज्ञानी कुलदीप सिंह, सुखविंदर सिंह, सरबजीत सिंह ग्रेवाल, गुरमीत सिंह, बलविंदर सिंह, अमन सिंह, महेंद्र पाल सिंह समेत बड़ी संख्या में सदस्य मौजूद थे।
सेंट्रल सिख स्त्री सत्संग सभा की चेयरमैन कमलजीत कौर, संरक्षक दलबीर कौर, सतनाम कौर, जसवीर कौर सहित अन्य महिलाएं भी प्रतिनिधिमंडल में शामिल रहीं।




































