32 विद्यालयों के 265 प्रतिभागी हुए पुरस्कृत, ‘तुलसी प्रभा’ के नए अंक का लोकार्पण; मुख्य अतिथि डॉ. राम जन्म मिश्र की रही मौजूदगी
फतेह लाइव, रिपोर्टर।
जमशेदपुर में सिंहभूम जिला हिन्दी साहित्य सम्मेलन/तुलसी भवन की ओर से लगभग दो माह तक आयोजित तुलसी जयंती समारोह का 23 अगस्त को भव्य समापन हुआ। समापन समारोह के अवसर पर संस्थान का प्रतिष्ठित ‘गोस्वामी तुलसीदास सारस्वत सम्मान-2026’ गहन चेतना में संवेदना के उद्गाता आचार्य हरेराम त्रिपाठी को प्रदान किया गया।

आचार्य हरेराम त्रिपाठी को पुष्पगुच्छ, अंगवस्त्र, श्रीफल, सम्मान पत्र, स्मृति चिह्न और 51 हजार रुपये की नगद राशि देकर सम्मानित किया गया। समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में विद्यासागर हिन्दी विद्यापीठ, भागलपुर के कुलपति डॉ. राम जन्म मिश्र उपस्थित थे। विशिष्ट अतिथि के रूप में शहर के सुप्रसिद्ध समाजसेवी एवं ‘सूरभि’ के संस्थापक गोविंद दोदराजका मौजूद रहे।
कार्यक्रम की अध्यक्षता संस्थान के अध्यक्ष सुभाष चंद्र मुनका ने की। संचालन साहित्य समिति की पूनम महानंद ने किया। स्वागत वक्तव्य मानद महासचिव डॉ. प्रसेनजित तिवारी ने दिया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन उपाध्यक्ष रामनंदन प्रसाद ने किया। सम्मानित अतिथि का परिचय साहित्य समिति के सचिव डॉ. अजय कुमार ओझा ने प्रस्तुत किया, वहीं यमुना तिवारी ‘व्यथित’ ने उनका काव्यात्मक परिचय पाठ किया।
32 स्कूलों के 265 प्रतिभागी हुए सम्मानित
तुलसी जयंती समारोह के दौरान आयोजित विभिन्न प्रतियोगिताओं में 32 विद्यालयों के कुल 265 प्रतिभागियों को पुरस्कृत किया गया। प्रतिभागियों को स्मृति चिह्न, कप, मेडल और प्रमाण पत्र प्रदान किए गए।
देशभक्ति समूह गीत एवं नृत्य प्रतियोगिता के विजेताओं को प्रथम पुरस्कार के रूप में 11 हजार रुपये, द्वितीय को 9 हजार रुपये, तृतीय को 7 हजार रुपये तथा प्रोत्साहन पुरस्कार के रूप में 5 हजार रुपये की राशि प्रदान की गई।
वंदना, तुलसी जयंती गीत और ‘तुलसी प्रभा’ का लोकार्पण
कार्यक्रम की शुरुआत मां सरस्वती और गोस्वामी तुलसीदास के चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन एवं पुष्पार्पण के साथ हुई। डॉ. रागिनी भूषण ने गणेश वंदना और उपासना सिन्हा ने सरस्वती वंदना प्रस्तुत की।
इसके बाद साहित्य समिति के उपाध्यक्ष अशोक पाठक ‘स्नेही’ द्वारा रचित ‘तुलसी जयंती गीत’ को माधवी उपाध्याय ने अपने सुमधुर स्वर में प्रस्तुत किया। इस दौरान संस्थान द्वारा प्रकाशित मुखपत्र ‘तुलसी प्रभा’ के नए अंक का भी लोकार्पण किया गया।
दो माह तक चले समारोह के दौरान सक्रिय रूप से योगदान देने वाले संस्थान के कर्मचारियों को विशेष उपहार देकर सम्मानित किया गया। आयोजन को सफल बनाने में मुख्य संयोजक डॉ. अजय कुमार ओझा और अरुणा भूषण शास्त्री के साथ तुलसी भवन कार्यकारिणी एवं साहित्य समिति के सभी सदस्यों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।









































