Jamshedpur : नफरत और दुश्मनी की भावना उत्पन्न करने की मंशा से जुगसलाई और कदमा के मुहर्रम जुलूस में लहराया गया फिलिस्तीनी झंडा, सनातन उत्सव समिति ने सिटी एसपी को सौंपा ज्ञापन, कार्रवाई की उठी मांग

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फतेह लाइव, रिपोर्टर.

जमशेदपुर में मुहर्रम जुलूस के दौरान जुगसलाई और कदमा में फहराये गये फिलिस्तीनी ध्वज के कथित आरोपों में कार्रवाई की मांग करते हुए सनातन उत्सव समिति ने सिटी एसपी ऋषभ गर्ग को ज्ञापन सौंपा है. गुरुवार को समिति के संस्थापक चिंटू सिंह के नेतृत्व में जिला पुलिस मुख्यालय के समक्ष आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग करते हुए प्रदर्शन किया और जिला प्रशासन को मामले की संवेदनशीलता के निमित्त अविलंब संज्ञान लेने का आग्रह किया. सनातन उत्सव समिति के चिंटू सिंह ने कहा कि धार्मिक आयोजन में आतंकवादी संगठन हमास को संपोषित करने वाली फिलिस्तीन का ध्वज लहराकर जानबूझकर हिंदुओं को चिढ़ाकर उकसाने का षड्यंत्र रचा गया है.

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यह कृत्य दो धार्मिक मान्यताओं वाले समूहों के मध्य नफरत और दुश्मनी की भावना उत्पन्न करता है. झारखंड के विभिन्न जिलों में मुहर्रम के जुलूस में एक ही प्रकार से फिलिस्तीनी ध्वज लहराया गया है. जमशेदपुर के जुगसलाई और कदमा में भी ऐसे संगीन मामलों के कथित वीडियो और दावे सामने आये हैं. जिला प्रशासन को इस ध्वज को लहराने के पीछे के उद्देश्यों की जांच करनी चाहिए. सनातन उत्सव समिति ने कहा कि जमशेदपुर में ऐसा होना शर्मनाक और अविश्वसनीय है.

राष्ट्रीय एकता और अखंडता को नुकसान पहुंचाने वाले आरोपों और दावों के लिए आयोजक समिति के सदस्यों और ध्वज लहराने वालों के विरुद्ध अपराध पंजीकृत करनी चाहिए. कहा कि प्राथमिकी इसलिए दर्ज किया जाना चाहिए, क्योंकि इस घटना से लोगों में नफरत और दुश्मनी की भावना पैदा हो सकती है. आरोप लगाया कि इस वारदात में शामिल लोग बांग्लादेशी घुसपैठिये हो सकते हैं. भारतीय न्याय संहिता की धारा 197(1) एवं(2) में स्पष्ट प्रावधान है कि अगर कोई, मौखिक, लिखित शब्दों द्वारा, संकेतों द्वारा या वीडियो द्वारा या ऐसे किसी माध्यम के जरिए विधि द्वारा स्थापित भारत के संविधान के प्रति सच्ची श्रद्धा और निष्ठा नहीं रख सकता या भारत की प्रभुता और अखंडता को अक्षुण्ण नहीं रख सकता तो उसे दोषी माना जाएगा. इसके अतिरिक्त BNS की धारा 197 (2) के तहत अगर कोई व्यक्ति उपधारा (1) में विनिर्दिष्ट कोई अपराध किसी पूजा स्थल में या धार्मिक पूजा या धार्मिक अनुष्ठान करने में लगी किसी सभा में करता है तो उसे इसके तहत दोषी माना जाएगा.

ज्ञापन सौंपने वालों में सनातन उत्सव समिति के वीर कुमार सिंह, अप्पू तिवारी, चिंटू सिंह, अंकित आनंद, ललित राव, कुलदीप सिंह, मनीष प्रसाद, चंदन उपाध्याय, राहुल दुर्गे, सन्नी सिंह, हर्ष अग्रवाल, आशीष मिश्रा, रोहित सिंह, अमित सिंह, अमृत सिंह, सुब्रमण्यन आचार्य सोनू, रॉकी सिंह, शुभम झा, विकास सामंत, अभिकान्त ओझाओझा सहित अन्य शामिल थे.

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