‘द मिसिंग पीस’ ने यूट्यूब पर दी दस्तक, जमशेदपुर के प्रोपिक्सल फोटोग्राफी का खास योगदान
फतेह लाइव, रिपोर्टर।
झारखंड की पहली हॉरर वेब सीरीज ‘वन लाइफ रिमेनिंग’ का सफर रविवार, 20 सितंबर से शुरू हो गया। सीरीज की पहली कड़ी ‘द मिसिंग पीस’ यूट्यूब पर रिलीज की गई। कुछ दिन पहले रूसी मोदी सेंटर फॉर एक्सीलेंस में आयोजित कार्यक्रम के दौरान सीरीज का ट्रेलर जारी करते हुए इसकी रिलीज डेट की घोषणा की गई थी।
स्लाइस ऑफ अस प्रोडक्शंस के बैनर तले और जमशेदपुर की प्रोपिक्सल फोटोग्राफी के सहयोग से तैयार यह वेब सीरीज कुल छह कड़ियों की है। कहानी गहरे रहस्य और धीरे-धीरे बढ़ते मनोवैज्ञानिक तनाव के इर्द-गिर्द बुनी गई है। सीरीज की पूरी कास्ट और क्रू जमशेदपुर, कोलकाता और पुणे से जुड़ी है।
कैमरे ने रचा डर का माहौल
पहली कड़ी की खासियत इसका विजुअल ट्रीटमेंट है। सीरीज का छायांकन शिव शंकर ठाकुर ने किया है, जो प्रोपिक्सल फोटोग्राफी के संस्थापक हैं। उनके स्टूडियो के सहयोग से ही सीरीज की शूटिंग की गई है।
सीरीज में उपलब्ध और प्राकृतिक रोशनी का अधिकतम इस्तेमाल करते हुए गहरी परछाइयों और संयमित रंगों के जरिए रहस्य और बेचैनी का माहौल तैयार किया गया है। लंबे शॉट्स, किरदारों को घेरते तंग अंदरूनी दृश्य और कहानी के तनावपूर्ण मोड़ पर डगमगाता हैंडहेल्ड कैमरा दर्शकों के बीच असहजता पैदा करने की कोशिश करता है।
स्थापित फिल्म केंद्रों से दूर और सीमित बजट में तैयार इस परियोजना में दृश्य-गुणवत्ता को इसकी प्रमुख ताकतों में से एक माना जा रहा है।
वेडिंग फोटोग्राफी से कथा निर्माण तक
जमशेदपुर में वेडिंग और कमर्शियल फोटोग्राफी के लिए पहचान रखने वाली प्रोपिक्सल फोटोग्राफी ने पहली बार लंबी कथा-परियोजना के क्षेत्र में कदम रखा है। यह सहयोग स्थानीय स्तर पर उपलब्ध कैमरा और तकनीकी संसाधनों के जरिए एक कथात्मक परियोजना तैयार करने की क्षमता को सामने लाता है।
सीरीज की पटकथा, निर्देशन, संपादन और निर्माण की जिम्मेदारी प्रसनजीत महतो ने संभाली है। कलाकारों में शुभाशीष घोष, कुणाल सन्निग्रही, अत्रि भट्टाचार्जी, पी. दामिनी, पी. यामिनी, रॉनी फिलिप्स और साईं सुजल शामिल हैं।
तकनीकी टीम में ध्वनि परिकल्पना तुषार कंगारकर, मेकअप प्रीतम मन्ना, वीएफएक्स रोहित और डीआई दीपांशु ने संभाला है। डबिंग की जिम्मेदारी विशाल अधिकारी ने निभाई, जबकि प्रोडक्शन प्रबंधन नावेद अंसारी, अमरजीत महतो और रंजीत मेहरा ने संभाला।
झारखंड से दुनिया तक डिजिटल सफर
टीम के लिए यह रिलीज केवल एक वेब सीरीज की शुरुआत नहीं, बल्कि झारखंड में स्थानीय स्तर पर कथा निर्माण की संभावनाओं को सामने लाने का प्रयास भी है। लंबे समय से झारखंड की प्रतिभाएं बेहतर अवसरों के लिए मुंबई, कोलकाता और हैदराबाद जैसे फिल्म केंद्रों का रुख करती रही हैं। ऐसे में ‘वन लाइफ रिमेनिंग’ का लेखन, शूटिंग और पोस्ट-प्रोडक्शन स्थानीय स्तर पर पूरा कर डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए दर्शकों तक पहुंचना एक अलग पहल है। सीरीज की बाकी पांच कड़ियां भी ‘स्लाइस ऑफ अस’ के यूट्यूब चैनल पर जारी की जाएंगी।




































