फतेह लाइव, रिपोर्टर।
रक्षाबंधन के पावन अवसर पर EYA Foundation के संस्थापक दीपक मिश्रा ने बलदेव बस्ती में फाउंडेशन द्वारा संचालित “खुशियों की पाठशाला” की बच्चियों के साथ रक्षाबंधन का पर्व हर्षोल्लास, स्नेह और आत्मीयता के साथ मनाया।
इस अवसर पर बच्चियों ने दीपक मिश्रा को राखी बांधकर भाई-बहन के इस पवित्र रिश्ते को और भी भावपूर्ण बना दिया। यह कार्यक्रम केवल रक्षाबंधन मनाने तक सीमित नहीं रहा, बल्कि बच्चियों के उज्ज्वल भविष्य के लिए एक भावनात्मक वादा और सामाजिक संकल्प भी बना।
इस मौके पर EYA Foundation के संस्थापक दीपक मिश्रा ने बच्चियों को संबोधित करते हुए कहा कि रक्षाबंधन केवल राखी बांधने का त्योहार नहीं है, बल्कि एक-दूसरे की जिम्मेदारी निभाने और हर परिस्थिति में साथ खड़े रहने का संकल्प है। उन्होंने बच्चियों से वादा किया कि उनकी शिक्षा और बेहतर भविष्य के लिए EYA Foundation अपनी पूरी क्षमता के साथ निरंतर प्रयास करता रहेगा।
दीपक मिश्रा ने कहा, “आज इन बच्चियों ने मुझे राखी बांधी है। यह मेरे लिए सिर्फ एक धागा नहीं, बल्कि एक जिम्मेदारी है। मैं इनसे वादा करता हूं कि इनके बेहतर भविष्य के लिए जितना संभव होगा, मैं अपनी तरफ से हर संभव प्रयास करूंगा। इनकी पढ़ाई, इनके सपनों और इनके भविष्य के रास्ते में जहां भी हमारी जरूरत होगी, EYA Foundation इनके साथ खड़ा रहेगा।”
उन्होंने कहा कि किसी बच्चे की गरीबी उसके सपनों से बड़ी नहीं होनी चाहिए। अगर किसी बच्चे में आगे बढ़ने की लगन है, तो समाज की जिम्मेदारी है कि उसे अवसर दिया जाए। EYA Foundation का प्रयास है कि “खुशियों की पाठशाला” में आने वाला हर बच्चा केवल किताबों की शिक्षा ही नहीं, बल्कि जीवन में आगे बढ़ने का आत्मविश्वास भी लेकर जाए।
उन्होंने आगे कहा कि “हम इन बच्चों को सिर्फ पढ़ाना नहीं चाहते, बल्कि इनके अंदर यह विश्वास पैदा करना चाहते हैं कि वे भी बड़े सपने देख सकते हैं और उन सपनों को पूरा कर सकते हैं। हमारा प्रयास रहेगा कि आज जो बच्चे यहां पढ़ रहे हैं, आने वाले समय में वही बच्चे अपने परिवार और समाज के लिए मिसाल बनें।



































